कबीनी वन्य जीव अभ्यारण्य की गणना भारत के सबसे बेहतर अभ्यारण्यों में की जाती है। यह नागरहोल राष्ट्रीय पार्क के दक्षिण पूर्व में स्थित है। कावेरी नदी की सहायक कबीनी नदी यही से प्रवाहित होती है। प्राकृतिक सुन्दरता,जीव-जन्तु और चारों तरफ हरियाली से यह जगह बड़ा आर्कषक लगता है। फोटो गैलरी देखें
यहां जानवरों की बहुत-सी दुर्लभ और लुप्तप्राय प्रजातियां पाई जाती हैं। कबीनी को हाथियों के लिए भारत में ही नहीं बल्कि सम्पूर्ण एशिया में जाना जाता हैं। यहां हाथियों को एक साथ झुंड में घूमते देखा जा सकता है। हाथियों की बड़ी तादाद के कारण इस स्थान को हाथियों का भवन भी कहा जाता है। हाथियों के अलावा यहां तेंदुए, चीतल, सांभर, टाइगर, तेंदुए, चीतल, सांभर, मगरमच्छ, भालू,आदि पशुओं के अलावा पक्षियों की लगभग 250 प्रजातियां पाई जाती हैं। कबीनी अभ्यारण्य पहले मैसूर के राजाओं के शिकार का अड्डा था। लेकिन आजादी के बाद शिकार पर पाबंदी लगाकर इसे हाथी के लिए रिजर्व क्षेत्र घोषित कर दिया गया।
मुख्य आकर्षण
जीप सफारी-जंगल के रोमांच को नजदीक से देखने और महसूस करने के लिए पर्यटक जीप सफारी का आनंद लेते हैं। ऊंचे और विशाल बांस के पेड़,दूरदराज फैले तालाब,छोटी पहाड़ियों और जीव जन्तुओं को जीप सफारी के माध्यम से अच्छी तरह से देखा जा सकता है। सुबह के समय घास पर दिखाई देने वाले ओंस इस अभ्यारण्य की खुबसूरती में चार चांद लगा देते हैं।
नौकायन-जंगल में मौजूद तालाब में नौकायन पर्यटकों को बहुत लुभाता है। नौकायन करते समय नदी के किनारे अनेक पशुओं को भ्रमण करते हुए देखा जा सकता है। नाव के आसपास पक्षियों के झुंड की उडा़न नौकायन के मजा को दोगुना कर देती है।
हाथी सफारी-हाथी की सवारी करके जंगल को देखना ताउम्र न भूलने वाला अनुभव होता है। मस्त चाल चलते हुए हाथियों की ऊंची पीठ से जंगल के जीव जंतु और पर्यावरण का नजारा पर्यटकों को कुछ ज्यादा ही लुभाता है। अगर आप हाथियों की जीवन शैली से परिचित होना चाहते है तो कबीनी घूमने का कार्यक्रम जल्द बना लें।
वनस्पति-पेड़ पौधों की विभिन्न वनस्पतियां प्रकृति प्रेमियों को यहां खींच लाती हैं। टीक और युकेलिप्टस के पेड़ यहां बहुतायत में पाए जाते हैं। इसके अलावा अनेक जड़ी बूटियों के पौधे इस जंगल की विशेषता है।
कहां ठहरें वाटर वुड्स लोकेशन-कबीनी रिवर लॉज के समीप दूरभाष-08228-264421-22/31 कमरों की संख्या-6 सुविधाएं-रेस्टोरेन्ट,बार,टैक्सी की व्यवस्था,अटैच्ड बाथ।
कबीनी रिवर लॉज लोकेशन-नागरहोल पार्क के नजदीक दूरभाष-08228-264402/05 ईमेल-info@junglelodges.com वेबसाइट-www.junglelodges.com कमरों की संख्या-14,कॉटेज 10,टेन्ट 6 सुविधाएं-रेस्टोरेन्ट,बार,टैक्सी की व्यवस्था,अटैच्ड बाथ,गर्म पानी।
कपिला बंगला लोकेशन-कबीनी के प्रवेश द्वार के निकट दूरभाष-08228-264444 कमरों की संख्या-3 सुविधाएं-डाइनिंग हाल,अटैच्ड बाथ,गर्म पानी।
कब जाएं-सितंबर से मई कबीनी आने के लिए उत्तम अवधि माना जाता है। वन्य जीवों को देखने की इच्छा रखने वालों के लिए नवम्बर से जून की अवधि बेहतर समझी जाती है।
कैसे जाएं वायुमार्ग-नजदीकी एयरपोर्ट बंगलोर है जोकि 205किमी दूर स्थित है। यहां से बस या टैक्सी के माध्यम से कबीनी पहुंचा जा सकता है।
रेलमार्ग-नजदीकी रेलवे स्टेशन भी मैसूर है। मैसूर एक्सप्रेस से जाना सबसे उत्तम विकल्प है। इस ट्रेन का बैंगलोर सिटी से प्रस्थान सुबह 7:05बजे और मैसूर जंक्शन पर आगमन सुबह 10बजे होता है।
सड़क मार्ग-कर्नाटक राज्य परिवहन की बसें बैंगलोर के सेन्ट्रल बस स्टैंड से प्रतिदिन कबीनी के लिए रवाना होती हैं।
पर्यटन कार्यालय कर्नाटक राज्य पर्यटन विकास निगम (बुकिंग और सूचना) बादामी हाउस,एनआर स्कॉयर,बैंगलोर दूरभाष-080-2275869,2275883,2212098 फेक्स-2352626 वेबसाइट-www.kstdc.nic.in
कर्नाटक टूरिज्म संख्या 49,खनिज भवन रेसकोर्स रोड़,बैंगलोर-560001 दूरभाष-080-2352525 वेबसाइट-www.karnatakatourism.org एसटीडी कोड-08228
भागीरथ