क्या देखें त्रिवेणी परिसर: राजनंदगांव में पर्यटक त्रिवेणी परिसर घूमने जा सकते हैं। त्रिवेणी परिसर को मुक्तिबोध स्मारक परिसर के नाम से भी जाना जाता है। इस परिसर में पर्यटक गजानन माधव मुक्तिबोध, पदमलाल पन्नालाल बक्शी और बलदेव प्रसाद मिश्रा की खूबसूरत प्रतिमाओं को देख सकते हैं। यह प्रतिमाएं पर्यटकों को बहुत पसंद आती हैं। इनकी खूबसूरती से अभिभूत होकर वह इनकी तस्वीरों को अपने कैमरों में कैद करके ले जाते हैं।
नदियां: प्रकृति ने राजनंदगांव को नदियों के रूप में अनमोल उपहार दिया है। इसकी मुख्य नदी शियोनाथ है जो महानदी की सहायक नदी है। शियोनाथ नदी के अलावा इसकी सहायक नदियों के खूबसूरत दृश्य देखना भी पर्यटकों को बहुत पसंद आता है। इसकी सहायक नदियों में खरखरा, सोनबरसा, अमनेर, सुरही, कर्रा, मुरकाटी, संकरी, फोंक और हन्फ प्रमुख हैं।
आदिवासी: राजनंदगांव के मोहला, मनपुर और चौकी खण्ड अपनी आदिवासी जातियों के लिए जाने जाते है। यहां पर गोंड, कंवर, हल्बा और बेगा जातियां रहती हैं। यह जातियां राजनंदगांव के घने जंगलों में रहती हैं। इनका मुख्य काम-धंधा तेंदु पत्तियों का संग्रहण और उससे जुड़े कार्य हैं।
एस. ए. आई प्रशिक्षण केन्द्र: भारतीय खेल प्राधिकरण ने राजनंदगांव में खेलों को बढ़ावा देने के लिए दिग्विजय सिंह स्टेडियम में प्रशिक्षण केन्द्र की स्थापना की है। इसकी स्थापना 21 मार्च 2001 ई. को की गई थी। यहां पर दिन और रात दो पालियों में प्रशिक्षण दिया जाता है। इस प्रशिक्षण केन्द्र में नियमित अन्तराल पर खेल और राष्ट्रीय शिविरों का आयोजन किया जाता है। पर्यटक खेलों और राष्ट्रीय शिविरों का आयोजन देखने के लिए दिग्विजय स्टेडियम जा सकते हैं।
मां बामब्लेश्वरी: मां बामब्लेश्वरी मन्दिर के लिए विश्वविख्यात डोंगारगढ़ राजनंदगांव में स्थित है। बामब्लेश्वरी देवी का मन्दिर 1600 फीट ऊंची पहाड़ी पर बना हुआ है। इसे बड़ी बामब्लेश्वरी के नाम से जाना जाता है। बड़ी बामब्लेश्वरी से आधा कि.मी. नीचे दूसरा मन्दिर है। इसे छोटी बामब्लेश्वरी के नाम से जाना जाता है। मन्दिर के परिसर में दशहरा और रामनवमी पर भव्य मेले का आयोजन किया जाता है। इन मेलों में स्थानीय निवासियों के साथ-साथ पर्यटक भी बड़े उत्साह से भाग लेते हैं।
कैसे पहुंच वायु मार्ग: रायपुर हवाई अड्डे से पर्यटक आसानी से राजनंदगांव तक पहुंच सकते हैं। राजनंदगांव से रायपुर हवाई अड्डा मात्र 110 कि.मी. की दूरी पर स्थित है। अत: पर्यटक रायपुर हवाई अड्डे से कुछ ही घंटों राजनंदगांव तक पहुंच सकते हैं।
रेल मार्ग: पर्यटकों की सुविधा के लिए दक्षिण-पूर्व रेलवे ने मुबई-हावड़ा रेलवे लाईन पर राजनंदगांव में स्टेशन का निर्माण किया है।
कहां ठहरें: राजनंदगांव में पर्यटकों के ठहरने और खाने-पीने के लिए अधिक विकल्प नहीं हैं। अत: पर्यटकों को आस-पास के क्षेत्रों में रूकना पड़ता है। पर्यटक छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में आसानी से रूक सकते हैं। रायपुर से राजनंदगांव मात्र 100 कि.मी. की दूरी पर स्थित है जिससे पर्यटकों को आने-जाने में काफी सुविधा रहती है।
होटल मिड टाऊन लोकेशन: एम.जी. रोड, चौथी लेन रायपुर: 492001 टेलीफोन: 0771- 2535392/93/94, 4073392, 6454506 आदित्य होटल एण्ड रेस्टोरेंट लोकेशन: जय स्तम्भ चौक, के के रोड रायपुर: 492001 टेलीफोन: 0771-2223281
अशोक होटल लोकेशन: जी. ई. रोड रायपुर: 492001 टेलीफोन: 492001
ओम कृष्णा होटल लोकेशन: मेन रोड तेलीबंधा रायपुर: 492001 टेलीफोन: 0771-2610170
राजनंदगांव: एक नजर में राज्य: छत्तीसगढ़ क्षेत्रफल: 8022.55 वर्ग कि.मी. जनसंख्या: लगभग 1283224 साक्षरता दर: 77.2 प्रतिशत तहसील: 8 खण्ड़: 9 समुद्रतल से ऊंचाई: 330.70 मी. ग्लोब पर स्थिति: 20 डिग्री 7 इंच से 22 डिग्री 2 इंच और 80 डिग्री 2 इंच से 81 डिग्री 2 इंच पूर्वी देशांतर पर स्थित है।
ऋतुराज पांचाल